हाईकोर्ट के एक आदेश के अनुसार सरकार ने प्रदेश में 93 बजरी लीज की नीलामी रद्द कर दी है। इसमें भीलवाड़ा, टोंक, सवाई माधोपुर सहित अजमेर जिलों की 93 बजरी लीज की नीलामी शामिल है। वहीं न्यायालय ने सरकार को संबंधित लीजधारकों की जमा राशि लौटाने के निर्देश भी प्रदान किये हैं।
कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश संजीव प्रकाश शर्मा व न्यायाधीश बलजिंदर सिंह संधू की खंडपीठ ने डॉ. बृजमोहन सपूत कला संस्कृति सेवा संस्थान की जनहित याचिका पर मंगलवार को यह आदेश दिया है। कोर्ट ने नदियों के पर्यावरण-पारिस्थितिकी के संरक्षण पर गंभीरता दिखाते हुए कहा कि बजरी लीज पांच हिस्सों में बांटा जाए और पांच साल में बजरी खनन से संबंधित रहे लीज क्षेत्रों की पुनर्भरण रिपोर्ट 4 माह में तैयार करने को कहा है।




