राजस्थान के खान विभाग ने चालू वित्तीय वर्ष के अंतिम माह में राजस्व संग्रहण की रफ्तार तेज कर दी है। विभाग के प्रमुख शासन सचिव टी. रविकान्त ने फील्ड अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि मार्च माह के लिए निर्धारित 1500 करोड़ रुपये से अधिक के राजस्व लक्ष्यों की शत-प्रतिशत प्राप्ति सुनिश्चित की जाए। उन्होंने चेतावनी दी है कि इस कार्य में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। गुरुवार को शासन सचिवालय में हाइब्रिड मोड (ऑनलाइन और ऑफलाइन) पर आयोजित विभागीय समीक्षा बैठक को संबोधित करते हुए श्री रविकान्त ने यह निर्देश दिए।
गत वर्ष की तुलना में 936 करोड़ अधिक संग्रहण—
बैठक के दौरान राजस्व आंकड़ों को साझा करते हुए प्रमुख सचिव ने बताया कि विभाग का प्रदर्शन पिछले साल की तुलना में काफी बेहतर रहा है। 10 मार्च तक विभाग ने 9135 करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व संग्रहित कर लिया है। यह आंकड़ा पिछले वित्तीय वर्ष की इसी समान अवधि की तुलना में 936 करोड़ रुपये अधिक है, जो विभाग की सक्रियता और बेहतर प्रबंधन को दर्शाता है।
मुख्यमंत्री के निर्देशों की पालना पर जोर—
श्री रविकान्त ने अधिकारियों को अवगत कराया कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भी 10 मार्च को आयोजित उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में राजस्व अर्जन करने वाले सभी विभागों को सख्त निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री का स्पष्ट विजन है कि विकास कार्यों के लिए राजस्व लक्ष्यों को समय पर और पूर्ण रूप से हासिल किया जाए। खान विभाग इसी दिशा में योजनाबद्ध तरीके से आगे बढ़ रहा है।
फरवरी में बना रिकॉर्ड, दिसंबर से जारी है बेहतर ग्रोथ-
प्रमुख सचिव ने विभाग की हालिया उपलब्धियों की सराहना करते हुए बताया कि दिसंबर, जनवरी और फरवरी के महीनों में विभाग ने उत्कृष्ट विकास दर दर्ज की है। विशेष रूप से फरवरी माह में 1060 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड राजस्व संग्रहित किया गया, जो विभाग के इतिहास में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
फील्ड अधिकारियों के लिए रोडमैप तैयार—
मार्च के शेष दिनों में लक्ष्य प्राप्ति के लिए विभाग ने एक विस्तृत रोडमैप तैयार किया है। यह रोडमैप सभी फील्ड अधिकारियों को उपलब्ध करा दिया गया है, जिसमें राजस्व संग्रहण की रणनीतियों और निगरानी तंत्र का विवरण है। श्री रविकान्त ने निर्देश दिए कि सभी अधिकारी इस रोडमैप के अनुसार सघन निगरानी रखें और अवैध खनन जैसी गतिविधियों पर अंकुश लगाते हुए वैध खनन से अधिकतम राजस्व सुनिश्चित करें।
बैठक में विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और जिला स्तर के फील्ड अधिकारी शामिल हुए, जिन्हें वित्तीय वर्ष की समाप्ति तक मुस्तैदी से काम करने की शपथ दिलाई गई।




