गुलाबी नगरी की सड़कों पर बढ़ते यातायात के दबाव को कम करने और शहरवासियों को सुगम सफर की सौगात देने के लिए जयपुर विकास प्राधिकरण ने बड़े कदम उठाए हैं। गुरुवार को जेडीए के ‘मंथन’ सभागार में आयुक्त श्री सिद्धार्थ महाजन की अध्यक्षता में ट्रैफिक कंट्रोल बोर्ड की 94वीं महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में शहर की ट्रैफिक व्यवस्था को अधिक सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए कई अहम प्रस्तावों को हरी झंडी दी गई।
सीकर और न्यू सांगानेर रोड का होगा कायाकल्प—
बैठक का मुख्य केंद्र शहर के दो सबसे व्यस्ततम मार्ग—सीकर रोड और न्यू सांगानेर रोड रहे। बोर्ड ने ‘अर्बन रोड कॉरिडोर डेवलपमेंट’ योजना के तहत इन दोनों कॉरिडोर के पुनर्विकास को मंजूरी प्रदान की है। विशेष रूप से न्यू सांगानेर रोड पर लगने वाले भारी जाम से निजात दिलाने के लिए यहाँ सिग्नल-फ्री यू-टर्न बनाए जाएंगे। इसके अलावा, पैदल यात्रियों की सुरक्षा के लिए सुरक्षित क्रॉसिंग जोन विकसित किए जाएंगे। सड़क के सौंदर्यकरण के लिए किनारे पर हॉर्टिकल्चर (बागवानी) का विकास किया जाएगा, जिससे यह मार्ग न केवल सुगम बल्कि देखने में भी आकर्षक लगेगा।
द्रव्यवती नदी पर बनेंगे चार नए बॉक्स कल्वर्ट—
शहर की विभिन्न कॉलोनियों के बीच बेहतर कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने के लिए द्रव्यवती नदी परियोजना के तहत एक बड़ा निर्णय लिया गया है। नदी के बहाव क्षेत्र के कारण जो कॉलोनियां आपस में कटी हुई थीं, उन्हें जोड़ने के लिए चार महत्वपूर्ण स्थानों पर नए बॉक्स कल्वर्ट (Box Culverts) बनाए जाएंगे। इससे स्थानीय निवासियों को लंबी दूरी तय करने के बजाय सीधा रास्ता मिल सकेगा और मुख्य सड़कों पर दबाव कम होगा।
यातायात सुरक्षा और आधुनिक तकनीक पर जोर—
आयुक्त सिद्धार्थ महाजन ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विकास कार्य भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर किए जाएं। बैठक में अवैध पार्किंग, सुव्यवस्थित जेब्रा क्रॉसिंग और साइन बोर्ड लगाने पर भी चर्चा हुई। ट्रैफिक पुलिस और जेडीए के अधिकारियों को आपसी समन्वय से ब्लैक स्पॉट्स (दुर्घटना संभावित क्षेत्र) को चिह्नित कर उन्हें सुधारने के निर्देश दिए गए।
प्रमुख निर्णय एक नजर में:—
सीकर रोड कॉरिडोर: यातायात के सुचारु प्रवाह के लिए इंजीनियरिंग सुधार।
न्यू सांगानेर रोड: यू-टर्न और पैदल यात्री सुविधाओं का विस्तार।
कनेक्टिविटी: द्रव्यवती नदी पर चार नए छोटे पुल (कल्वर्ट)।
हॉर्टिकल्चर: सड़कों के किनारे हरियाली का विकास।
बैठक में जेडीए के वरिष्ठ अभियंताओं के साथ-साथ ट्रैफिक पुलिस, नगर निगम और परिवहन विभाग के उच्च अधिकारी भी मौजूद रहे। इन परियोजनाओं के धरातल पर उतरने से जयपुर की ट्रैफिक व्यवस्था में क्रांतिकारी बदलाव आने की उम्मीद है।




