ये आदेश न्यायाधीश समीर जैन ने स्वर्गीय रामोदराचार्य की पत्नी गायत्री देवी, पुत्र अवधेशाचार्य और सुरेश मिश्रा सहित 7 अन्य याचिकाओं को खारिज करते हुए यह आदेश दिया। मामले में कोर्ट ने 22 फरवरी को ही सुनवाई पूरी कर ली थी। कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि गलता पीठ की सम्पत्ति का संरक्षण और देखरेख के लिए सरकार जिम्मेदार है। महंत रामोदराचार्य के अधिकार सीमित थे। कोर्ट ने यह भी कहा कि गलता ठिकाना किसी की जागीर और निजी सम्पत्ति नहीं है।
Galta Thikan is not anyone’s property – Rajasthan High Court -गलता ठिकाना किसी की जागीर नहीं —राजस्थान हाईकोर्ट
Government New Order —प्रदेश में अब पटवारियों की ड्यूटी निश्चित होगी
सरकार ने राजस्थान भू-राजस्व नियम 1957 के नियम 12(1) को संशोधित किया कर प्रावधान किया है कि पटवारी अपने क्षेत्र में उस गांव में निवास करेगा, जो कि कलेक्टर द्वारा उसका मुख्यालय निश्चित किया गया है। आदेश में इस बात का भी जिक्र किया गया है कि राज्य सरकार के ध्यान में लाया गया है कि कुछ पटवारी अपने हेडक्वाटर पर निवास नहीं कर रहे हैं।
इसकी निगरानी के लिये उपखंड अधिकारी जिम्मा सौपा है। करेगा। ASP’s head broken in stone pelting in Tonk -पथराव में टोंक में एएसपी का सिर फटा
The state government is making bumper recruitments to provide employment to the youth – Chief Minister -युवाओं को रोजगार देने के लिए राज्य सरकार निकाल रही है बंपर भर्तियां -मुख्यमंत्री
पूर्ववर्ती सरकार ने किए झूठे वादे— मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्ववर्ती सरकार के समय में जनता से झूठे वादे किए गए, लेकिन हमने सरकार के गठन के बाद हर वादे को तत्परता से पूरा किया है। 10 जुलाई को परिवर्तित बजट 2024-25 पेश होने के तुरंत बाद ही घोषणाओं की क्रियान्विति के लिए प्रभारी मंत्री एवं सचिवगण जिलों के दौरों पर निकल गए। उन्होंने कहा कि संकल्प पत्र के अनुसार राज्य सरकार ने नकल माफिया पर सख्त कार्रवाई की। लगभग 110 नकल माफियाओं की गिरफ्तारियां हो चुकी हैं। अपराधियों पर नकेल कसते हुए हमने एंटी गैंगस्टर्स टास्क फोर्स का गठन भी किया है।
ईआरसीपी का कार्य धरातल पर शुरू— मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने ईआरसीपी को संशोधित पार्वती-कालीसिंध-चंबल लिंक परियोजना में शामिल करते हुए भारत सरकार एवं मध्य प्रदेश के साथ एमओयू कर धरातल पर कार्य भी प्रारंभ कर दिया है। इससे प्रदेश के 21 जिलों में पानी की समस्या दूर होगी। साथ ही हमारी सरकार ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन में 15 प्रतिशत की बढ़ोतरी की है। किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत राज्य सरकार ने लगभग 65 लाख किसानों को 650 करोड़ रुपये हस्तांतरित किए हैं।
मुख्यमंत्री ने पूरी की मांग, विधायक पहने जूते— मुख्यमंत्री ने कहा कि केकड़ी विधायक शत्रुघन गौतम ने नसीराबाद-सरवाड़-केकडी-देवली चारलेन रोड की मांग के क्रम में चरण पादुका त्याग रखी थी और वे नंगे पैर रहते थे। हमने बजट में उनकी मांग संवेनदशीलता के साथ स्वीकार करते हुए 650 करोड़ रुपये की लागत के इस चारलेन रोड़ को मंजूरी दी है। इस दौरान श्री गौतम ने मुख्यमंत्री के समक्ष जूते पहनकर अपना संकल्प पूरा किया।
Chief Minister’s visit to Deeg-Bharatpur -मुख्यमंत्री ने गुरु पूर्णिमा पर गुरु पूजन कर, मांगी प्रदेश की खुशहाली
9 lakh houses in the state will get 300 units of free electricity per month -प्रदेश में 9 लाख घरों को मुफ्त मिलेगी 300 यूनिट बिजली प्रतिमाह
ग्रामीण विकास पंचायती राज विभाग के सचिव रवि जैन ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्र के 9 लाख 27 हजार 901 घरों को पीएम सूर्य घर मुक्त बिजली योजना के तहत दिसंबर माह तक 300 यूनिट प्रतिमाह बिजली फ्री दी जाएगी। इसके लिए ग्रामीण इलाकों में सोलर रूफटॉप स्थापित किए जाएंगे। उन्होने बताया कि योजना का जिम्मा पंचायती राज संस्थाओं को दिया गया है। योजना को बढ़ावा देने वाली ग्राम पंचायतों को 1000 रुपए प्रति घर के हिसाब से प्रोत्साहन राशि उपलब्ध कराई जाएगी। जो ग्राम पंचायत के विकास कार्यों में खर्च होगी। श्री जैन बताया कि योजना के क्रियान्वयन के लिए सभी जिला परिषद के मुख्यकार्यकारियों सीईओं को निर्देश दे दिए गए हैं। Mother-in-law and daughter-in-law died due to electric shock -करंट लगने से सास-बहू की मौत
Government will give Rs 1100 crore to all Gram Panchayats of the state – Additional Chief Secretary -प्रदेश की सभी ग्राम पंचायतों को सरकार देगी 1100 करोड़ रुपए —अतिरिक्त मुख्य सचिव
बोल:— अतिरिक्त मुख्य सचिव के राज्य सरकार उनकी मांगों को लेकर संवेदनशील है एवं गांवों के विकास को लेकर कृत संकल्पित है। इन मांगों पर यथोचित कार्यवाही की जायेगी। अभय कुमार, अतिरिक्त मुख्य सचिव, पंचायती राज एवं ग्रामीण विकास विभाग
1 crore saplings will be planted across the state on August 7 – Chief Minister Bhajanlal Sharma7 अगस्त को प्रदेशभर में लगाए जाएंगे 1 करोड़ पौधे -मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा
वैचारिक समृद्धता उन्नत एवं विकसित राष्ट्र की पहचान—
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि वे अपने माता-पिता, समाज और राष्ट्र के प्रति अपने कर्तव्यों का जिम्मेदारीपूर्वक निर्वहन करें। उन्होने कहा कि जब युवा 18 वर्ष का होता है तो उसे मतदान का अधिकार मिलता है, लेकिन इस अधिकार के साथ कई दायित्व भी साथ में जुड़ते हैं। हमें जिम्मेदार और जागरूक नागरिक होने का कर्तव्य निभाना होता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्नत राष्ट्र की पहचान भौतिक विकास से नहीं बल्कि वहां के लोगों की वैचारिक समृद्धता से होती है। क्योंकि विचार समृद्ध होते हैं तो राष्ट्र भी विकसित होता है। वायु प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम करने के लिए पौधरोपण करना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है। इस दौरान मुख्यमंत्री ने गौशाला परिसर में कदंब और आम के पौधरोपण किया।Fuel surcharge will again be recovered from electricity consumers in the state- प्रदेश में बिजली उपभोक्ताओं से फिर होगी फ्यूल सरचार्ज की वसूली
डिस्कॉम्स सूत्रों और संचार माध्यमों के अनुसार प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं से एक बार फिर फ्यूल सरचार्ज वसूली की तैयारी है। सूत्रों की माने तो इसी माह से दो सौ यूनिट से ज्यादा खपत वाले उपभोक्ताओं से 61 पैसे प्रति यूनिट की वसूली की जायेगी। क्योंकि सरकार ने आफ दी रिर्काड बिजली उपभोक्ताओं को मिल रही छूट बंद कर दी है। आपको बतादें कि प्रदेश में लगभग पन्द्रह लाख उपभोक्ता हैं, इनमें से करीब आठ लाख रिजस्टर्ड उपभोक्ताओं को छूट मिल रही है। डिस्कॉम्स ने सरचार्ज की गणना 61 पैसे प्रति यूनिट से की है। उपरोक्त गणना के अनुसार छूट खत्म करने से सरकार को लगभग दो सौ से ढाई सौ करोड़ रुपये का लाभ होगा। संचार माध्यमों के अनुसार डिस्कॉम्स ने राज्य सरकार को पत्र जारी कर उपभोक्ताओं को मिल रही छूट को जारी रखने अथवा बंद करने के लिये मार्गदर्शन मांगा था। लेकिन उर्जा विभाग ने विधिवत रूप से डिस्कॉम्स को कोई जवाब नहीं दिया, वहीं विभाग ने छूट बंद करने के आफ दी रिर्काड आदेश दे दिए।



ये आदेश न्यायाधीश समीर जैन ने स्वर्गीय रामोदराचार्य की पत्नी गायत्री देवी, पुत्र अवधेशाचार्य और सुरेश मिश्रा सहित 7 अन्य याचिकाओं को खारिज करते हुए यह आदेश दिया। मामले में कोर्ट ने 22 फरवरी को ही सुनवाई पूरी कर ली थी। कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि गलता पीठ की सम्पत्ति का संरक्षण और देखरेख के लिए सरकार जिम्मेदार है। महंत रामोदराचार्य के अधिकार सीमित थे। कोर्ट ने यह भी कहा कि गलता ठिकाना किसी की जागीर और निजी सम्पत्ति नहीं है।

