Dumper Accident News: प्रदेश में डंपर का कहर जारी

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सावधान। प्रदेश में डंपर का कहर जारी है। जयपुर राजधानी के बाद अब प्रदेश के अन्य जिलों में डंपर लोगों कुचल रहा है। ऐसा ही मामला बुधवार दोपहर जयपुर-भीलवाड़ा मेगा हाईवे पर फागी उपखंड कार्यालय के सामने देखने मिला है। यहां ऐक डंपर ने सड़क पर करते हुये ऐक राहगीर को अपने चपेट में ले लिया जिससे शव शव तीन टुकड़ों में बंटकर बिखर गया। थानाधिकारी गयासुद्दीन के अनुसार लदाना निवासी गणेश सैनी (30) पुत्र जगदीश सैनी अपनी बाइक एसडीएम कार्यालय के सामने डंपर ने कुचल दिया। वहीं डंपर युवक को कुछ दूर तक घसीटता हुआ ले गया। इससे मृतक का शव क्षत-विक्षत हो गया और तीन हिस्सों में बंट गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर डंपर को जब्त कर लिया और चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जाकारी के अनुसार मृतक गणेश सैनी लदाना गांव में सिलाई का कार्य करता था और घरेलू सामान लेने फागी आया हुआ था। दुसरी ओर धोलपुर के मनियां थाना इलाके में भी बुधवार को डंपर ने तीन लोगों की जान ले ली। जिसमें मां-बेटी और मामा शामिल है। जाकारी के अनुसार मनियां थाने के पास तेज रफ्तार डंपर ने बाइक सवार 3 लोगों को कुचल दिया। मृतकों में लाडो (28) पत्नी राजा निवासी कारई थाना रूपवास जिला भरतपुर और उसकी दो वर्षीय पुत्री की मौके पर ही मौत हो गई, वहीं बाइक चला रहा मनोज तोमर (35) पुत्र जंडेल सिंह गंभीर रूप से घायल हो गया। जिस पर उसे जिला अस्पताल धौलपुर में भर्ती कराया, जहां इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। हादसे की सूचना पर पुलिस मौके पहुंची और डंपर का पिछा किया लेकिन चालक को नहीं पकड़ पाई लेकिन परिचालक को हिरासत में लिया और चालक मौके फरार हो गया।

Rajasthan News: अनुजा पोर्टल पर ऋण के लिए आवेदन की अन्तिम तिथि अब 30 नवम्बर 2025

राजस्थान अनुसूचित जाति जनजाति वित्त एवं विकास सहकारी निगम लि. जयपुर, राष्ट्रीय वित्त और विकास निगमों के सौजन्य से क्रियान्वित अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, सफाई कर्मचारी वर्ग, अन्य पिछडा वर्ग एवं दिव्यांगजन को विभिन्न उद्योग, व्यवसाय और सेवा कार्य में आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने हेतु अनुजा पोर्टल पर ऋण के लिए आवेदन करने की अंतिम तिथि को बढ़ाकर 30 नवम्बर 2025 कर दिया गया है। पहले यह तिथि 31अक्टूबर 2025 थी। निगम की कार्यवाहक परियोजना प्रबंधक प्रियंका चौहान ने बताया कि इच्छुक आवेदक ऑनलाइन एसएसओ आईडी के माध्यम से 30 नवम्बर 2025 तक अनुजा पोर्टल पर आवेदन कर सकते हैं। विस्तृत जानकारी के लिए स्थानीय पंचायत समिति, नगरपालिका कार्यालय या अनुजा निगम से सम्पर्क किया जा सकता है।

C S NEWS: ग्रामीण इलाकों में भी तेज और विश्वसनीय इंटरनेट सेवा उपलब्ध हो —मुख्य सचिव

मुख्य सचिव सुधांश पंत की अध्यक्षता में राष्ट्रीय ब्रॉडबैंड अभियान की राज्य स्तरीय ब्रॉडबैंड समिति की 15वीं सभा मंगलवार को सचिवालय में हुई। मुख्य सचिव ने सभा में राज्य स्तर पर टेलीकम्युनिकेशन परियोजनाओं में समयबद्धता और दक्षता सुनिश्चित करने के लिए टेलीकम्युनिकेशंस राइट ऑफ वे (आरओडब्ल्यू) नियम, कॉल बिफोर यू डिग (सीबीयूडी) मोबाइल ऐप, पीएम गतिशक्ति एनएमपी पोर्टल, बीएसएनएल 4जी सेचुरेशन प्रोजेक्ट सहित अन्य संबंधित विषयों की प्रगति की समीक्षा की। मुख्य सचिव ने अधिकारियों को विभागीय स्तर पर भूमि आवंटन और वन विभाग की मंजूरी के लंबित प्रकरणों सहित अन्य आवश्यक कार्य आपसी समन्वय से पूर्ण करना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए जिससे राज्य के दूरदराज क्षेत्रों में उच्च गुणवत्ता वाली मोबाइल सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित हो और ग्रामीण इलाकों में भी तेज और विश्वसनीय इंटरनेट सेवा उपलब्ध हो सके। मुख्य सचिव ने कहा कि ʻकॉल बिफोर यू डिगʼ मोबाइल ऐप खुदाई कार्यों के दौरान भूमिगत अवसंरचना को क्षति से बचाने के साथ-साथ संचार सेवाओं में व्यवधान को रोकने में सहायक है। इससे प्रदेश में स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर प्रबंधन को बढ़ावा मिलेगा। ऑप्टिकल फाइबर केबल बिछाने के दौरान हुए गड्ढे सही से भरें, आमजन को असुविधा न हो— मुख्य सचिव ने कहा कि ऑप्टिकल फाइबर केबल (ओएफसी) बिछाने के दौरान जिन स्थानों पर गड्ढे खोदे गए हैं, उन्हें कार्य पूर्ण होने के बाद सही तरीके से भरना सुनिश्चित किया जाए ताकि आमजन को किसी भी प्रकार की असुविधा या दुर्घटना का सामना न करना पड़े। संबंधित अधिकारी कार्य की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दें और सड़कों तथा मार्गों को पूर्ववत स्थिति में बहाल करें। आमजन से संबंधित सुविधा पोर्टल- राजस्थान में मोबाइल रिकवरी प्रतिशत राष्ट्रीय औसत से अधिक — सभा के दौरान संचार साथी पोर्टल (http://www.sancharsaathi.gov.in) की समीक्षा के दौरान बताया गया कि यह पोर्टल आमजन के लिए बहुत सुविधाजनक है। राज्य में गुम या चोरी हुए कुल मोबाइल हैंडसेट्स में से लगभग 69% मोबाइल फोन सफलतापूर्वक ट्रेस किए जा चुके हैं। साथ ही, सीईआईआर (सेंट्रल इक्विपमेंट आईडेंटी रजिस्टर) सेवा के माध्यम से देशभर में मोबाइल रिकवरी का औसत प्रतिशत 26.50% है जबकि राजस्थान में यह प्रतिशत 43.45% है। उल्लेखनीय है कि संचार साथी पोर्टल नागरिकों को अनेक डिजिटल सुविधाएँ प्रदान करता है जिसमें टेफकॉप सेवा के माध्यम से उपयोगकर्ता उनके नाम पर कुल जारी मोबाइल कनेक्शन की जानकारी तथा बिना अनुमति अतिरिक्त सिम कार्ड जारी होने की स्थिति में रिपोर्ट कर आसानी से उसे बंद करवा सकते हैं। इसके साथ ही, नो योअर मोबाइल (केवाईएम) सुविधा, फर्जी मोबाइल और सिम कार्ड की रोकथाम, जन-जागरूकता और शिकायत निवारण आदि महत्वपूर्ण सेवाएँ भी उपलब्ध हैं।

C M NEWS: शराब पीकर वाहन चलाने वालों का लाइसेंस होगा रद्द —मुख्यमंत्री

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मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में यातायात और सड़क सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत और प्रभावी बनाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने परिवहन, पुलिस और सार्वजनिक निर्माण विभाग को संयुक्त रूप से प्रदेशभर में मंगलवार से आगामी 15 दिन तक सड़क सुरक्षा अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यातायात नियमों की पालना सुनिश्चित करवाने के साथ ही दुर्घटनाओं में जनहानि को रोकने के लिए सभी संबंधित विभाग मिलकर कार्य करें। श्री शर्मा सोमवार को मुख्यमंत्री निवास पर टैफिक और सड़क सुरक्षा को लेकर उच्च स्तरीय समीक्षा की। उन्होंने कहा कि भारी वाहन लाइसेंस नवीनीकरण के समय प्रस्तुत की जाने वाली आंखों की जांच रिपोर्ट गलत पाए जाने पर उसे जारी करने वाले संबंधित डॉक्टर के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए। ओवरस्पीड के बार-बार चालान होने पर लाइसेंस हो निरस्त- मुख्यमंत्री ने परिवहन और पुलिस विभाग को निर्देश दिए कि शराब पीकर वाहन चलाने और ओवरस्पीड के बार-बार चालान होने पर वाहन चालक का लाइसेंस निरस्त किया जाए। उन्होंने सड़क सुरक्षा अभियान के तहत प्रदेश में चिन्हित ब्लैक स्पॉटों को शीघ्र ठीक करवाने और राष्ट्रीय व राज्य राजमार्गाें पर अवैध कट को शीघ्र बंद करने के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया। उन्होंने जयपुर-कोटा, जयपुर-दिल्ली, जयपुर-अजमेर व जयपुर-भरतपुर हाईवे पर वाहन चालकों के लिए नवीन आरामस्थलों के लिए जमीन चिन्हित कर बनवाने के निर्देश दिए। अवैध ढाबों व पार्किंग के खिलाफ हो कठोरतम कार्रवाई- श्री शर्मा ने एनएचएआई के अधिकारियों को राजस्थान में भारतमाला राष्ट्रीय राजमार्ग और दिल्ली-मुंबई औद्योगिक कॉरिडोर के किनारे समस्त अवैध निर्माणों व ढाबों को शीघ्र हटाने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी राष्ट्रीय एवं राज्य राजमार्गों पर सभी संकेतक तथा विशेष रूप से राष्ट्रीय राजमार्गाें पर आराम स्थल, ट्रक ले-बाई और स्लिप लाइन के संकेतकों के निश्चित स्थान पर लगे होने को सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि हाईवे पर तय स्थानों को छोड़कर वाहन रोकने वाले चालकों के खिलाफ चालान की कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि इन कार्यों की निगरानी अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक स्तर के अधिकारी करें। चिकित्सा और स्वास्थ्य विभाग दुर्घटना में इमरजेंसी केयर व्यवस्था को बनाए सुदृढ़- मुख्यमंत्री ने चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया कि दुर्घटना की स्थिति में घायलों को एडवांस लाइफ सपोर्ट एम्बुलेंस के जरिए अस्पताल तक पहुंचाया जाए। उन्होंने आगामी 15 नवम्बर से 15 फरवरी तक प्रदेश में ट्रक चालकों की आंखों की जांच करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने परिवहन विभाग को वाहन चालकों से ओवरटाइम ड्राइविंग करवाने पर ट्रांसपोर्ट कम्पनियों की जिम्मेदारी तय कर कठोरतम कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आगामी सर्दी के मौसम में कोहरे के कारण सड़क पर वाहन चालकों के लिए जरूरी स्थानों पर रिफलक्टर्स लगाए जाएं। वहीं, सड़क किनारे पेड़ और झाड़ियों की कटाई भी की जाए। यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले मार्गों पर तैनात करें इंटरसेप्टर- श्री शर्मा ने कहा कि सभी जिला कलक्टर और जिला पुलिस अधीक्षक अवैध कटों को बंद कराने के लिए विशेष कार्रवाई करें एवं सार्वजनिक निर्माण विभाग सभी व्यस्ततम राज्य राजमार्गों के अवैध कटों पर रेलिंग लगाए। उन्होंने परिवहन विभाग को हाईवे पर गलत दिशा से आने वाले वाहनों पर कठोरतम कार्रवाई करने के लिए निर्देशित किया। उन्होंने कहा कि हाईवे पर इंटरसेप्टर तैनात कर यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले चालकों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। नो एंट्री जोन में भारी वाहन आने पर हो सख्त कार्रवाई- मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में नो एंट्री जोन में गलत समय पर भारी वाहन आने पर सख्त कार्रवाई की जाए तथा नो एंट्री जोन के क्षेत्र व समय की पुनः समीक्षा की जाए। उन्होंने जयपुर पुलिस आयुक्त को रात्रि के समय ट्रेफिक व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ व प्रभावी बनाने के लिए कार्ययोजना बनाकर शीघ्र मुख्यमंत्री कार्यालय भिजवाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जयपुर की यातायात व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए यातायात पुलिस के संख्याबल को आवश्यकतानुसार बढ़ाया जाए। श्री शर्मा ने कहा कि परिवहन, पुलिस और सार्वजनिक निर्माण विभाग संयुक्त रूप से समय-समय पर यातायात नियमों की पालना सुनिश्चित करवाने के लिए जागरूकता अभियान चलाएं एवं संबंधित विभागों के कार्मिकों की कार्यशाला आयोजित कर प्रशिक्षण दिलवाएं। उन्होंने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में घायलों की मदद करने वाले नागरिकों को भी सम्मानित किया जाए। उन्होंने प्रदेश में पैदलयात्री मार्ग पर अवरोधकों एवं अतिक्रमणों को हटाने के निर्देश दिए। उन्होंने निर्देश दिए कि नवीन लाइसेंस बनाने एवं लाइसेंस नवीनीकरण के समय नियमों की पालना सुनिश्चित की जाए। उन्होंने गृह विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव को इन कार्यों की मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए।

Rajasthan News: प्रदेश में विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम— 2026 जारी, बीएलओ घर-घर पहुंचाएंगे प्रपत्र- मुख्य निर्वाचन अधिकारी

राजस्थान सहित 12 राज्यों में मंगलवार से विशेष गहन पुनरीक्षण यानि एसआईआर के तहत बीएलओ घर-घर जाकर सर्वेक्षण का काम शुरू करेंगे। राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवीन महाजन ने बताया कि 4 नवबंर से 4 दिसंबर तक की यह अवधि काफी अहम है। क्योंकि इसमें राज्य के सभी बीएलओ मतदाताओं के घर-घर पहुंचकर उनसे 2 प्रतियों में गणना प्रपत्र भरवाएंगे जिसमें से एक प्रति रसीद के तौर पर मतदाता के पास ही रहेगी। श्री महाजन ने बताया कि प्रदेश में वर्ष 2025 की वर्तमान मतदाता सूची के अऩुसार 5 करोड़ 48 लाख 84 हजार 827 मतदाता हैं। इसमें 2.84 करोड़ पुरूष, 2.65 करोड़ महिला और 681 अन्य मतदाता हैं। इनकी विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत बूथ लेवल अधिकारियों के द्वारा गणना प्रपत्र भरवाकर जांच की जानी है। क्या है गणना प्रपत्र— श्री महाजन ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग ने विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के तहत गणना प्रपत्र काफी आसान बना दिया है। अब यह एक ही पृष्ठ का है और उसमें भी मतदाता से संबंधित सूचनाएं जैसे— नाम, ईपिक नंबर, पता और वर्तमान मतदाता सूची के अनुसार भाग और क्रमांक संख्या पहले से ही भरी हुई आ रही हैं। साथ ही मतदाता की फोटो भी गणना प्रपत्र पर छपी हुई है। बीएलओ घर-घर जाकर प्रत्येक मतदाता को गणना प्रपत्र उपलब्ध कराएंगे और उसे भरने में सहायता भी करेंगे। प्रपत्र में मतदाता को जन्म तिथि, आधार संख्या (वैकल्पिक), पिता या अभिभावक का नाम व ईपिक नंबर (वैकल्पिक), माता का नाम व ईपिक नंबर (वैकल्पिक), मोबाइल नंबर जैसी मूल जानकारियां भरनी होंगी। इसके साथ ही एक नवीनतम रंगीन पासपोर्ट साइज फोटो चिपकानी होगी। गणना प्रपत्र में ही विगत एसआईआर की मतदाता सूची से वर्तमान मतदाताओं की सूचनाएं लेकर भरी जानी है जिन मतदाताओं का स्वयं का नाम विगत एसआईआर में शामिल नहीं है किंतु उनके रिश्तेदार जैसे माता-पिता/ दादा-दादी / नाना-नानी आदि का नाम शामिल है तो गणना प्रपत्र में उक्त रिश्तेदार का विवरण भरा जाकर मैपिंग की जाएगी। वर्तमान मतदाताओं की विगत एसआईआर मतदाता सूची के साथ मैपिंग जारी:— मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि सभी राज्यों की मतदाता सूचियां https://voters.eci.gov.in/ पर अपलोड कर दी गयी है। साथ ही यह लिंक मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट (https://election.rajasthan.gov.in/) पर भी उपलब्ध कराया गया है। उन्होंने बताया कि विगत एसआईआर की मतदाता सूची में अगर किसी वर्तमान मतदाता के माता-पिता/ दादा-दादी / नाना-नानी आदि का नाम शामिल है तो सटीक और सत्यापित पारिवारिक संबंध के माध्यम से वंशावली मानचित्रण (मैपिंग) की जा रही है। जिससे अधिकांश मतदाताओं से किसी भी प्रकार के दस्तावेज लेने की आवश्यकता ही नहीं रहेगी। राज्य में 40 वर्ष से अधिक आयु के मतदाताओं की संख्या लगभग 2.61 करोड़ है, जिसमें से 83 प्रतिशत की मैंपिंग की जा चुकी है। वहीं 2.88 करोड़ मतदाता 40 वर्ष से कम आयु के हैं इनकी भी अब तक 50 प्रतिशत मैपिंग का कार्य किया जा चुका है। अब तक कुल 65.3 प्रतिशत मतदाताओं की मैपिंग का कार्य बीएलओ ऐप पर भी किया जा चुका है। गणना चरण के दौरान यह मैपिंग और अधिक हो जाएगी। क्या करेंगे बीएलओ? — घर-घर जाकर आंशिक रूप से भरे गणना प्रपत्र (एन्यूमरेशन फॉर्म ) की दो प्रतियां आपको देंगे। — विगत एसआईआर की मतदाता सूची से वर्तमान मतदाताओं की सूचनाएं लेकर मैपिंग में मतदाता की सहायता करेंगे। समस्त राज्यों की विगत एसआईआर की मतदाता सूची भारत निर्वाचन आयोग की वेबसाईट (http://voters.eci.gov.in) या मुख्य निर्वाचन अधिकारी के पार्टल (https://election.rajasthan.gov.in/) पर उपलब्ध है। — आपके द्वारा भरे हुए गणना प्रपत्र को एकत्रित करेंगे और उसे ECINET ऐप पर अपलोड करेंगे। क्या करेंगे आप? — विगत एसआईआर की मतदाता सूची से मैपिंग हेतु आवश्यक सूचनाएं बीएलओ को उपलब्ध करावें। — गणना प्रपत्र की दोनों प्रतियों को भरें — भरे हुए गणना प्रपत्र BLO को जमा करावें और 1 प्रति रसीद के रूप में अपने पास रखें। चुनाव आयोग द्वारा मतदाताओं की सुविधा के लिए वॉलंटियर और हेल्प की सुविधा। 4 दिसंबर से पहले अपना गणना प्रपत्र भरकर बीएलओ को जमा करावे, ताकि आसानी से अपना नाम मतदाता सूची में दर्ज करा सकें। इस अवधि के बाद भी आप अपना नाम दर्ज करा पाएंगे, इसके लिए आपको अतिरिक्त फॉर्म 6, घोषणा पत्र (घोषणा प्रपत्र ) के साथ भरना होगा। बीएलओ एडवायजरी- श्री महाजन ने बताया कि निर्वाचन विभाग राजस्थान ने सभी बीएलओ के लिए एडवायजरी जारी की है, जिसमें मुख्य- एसआईआर के कार्य के दौरान आईडी कार्ड पहनने, कार्य का समयबद्ध निष्पादन करने, दैनिक प्रगति का अभिलेखन बीएलओ सारांश शीट में करने, मैपिंग में सहायता करने, बूथ लेवल एजेंटों के साथ समन्वय बनाने, आईटी हेल्प डेस्क और ईआरओ से आवश्यकता पड़ने पर परामर्श लेने से संबंधित बिंदु है। श्री महाजन ने राज्य के मतदाताओं से आह्वान किया कि 4 दिसंबर 2025 तक अपना गणना प्रपत्र नवीनतम फोटो और सूचनाओं के साथ अपने बीएलओ को जमा करावें। शीघ्र ही इसके लिए ऑनलाइन व्यवस्था प्रारंभ होने जा रही है।

Mines News: खान विभाग प्रदेश के समग्र आर्थिक विकास में भागीदारी का कर रहा प्रयास —प्रमुख सचिव माइंस

देश के खनिज प्रधान प्रमुख प्रदेशों की नीलाम खानों को शीघ्र परिचालन में लाने के लिए आवश्यक अनुमतियां प्राप्त करने की बेस्ट प्रेक्टिसेज को अपनाया जाएगा। प्रमुख सचिव माइंस टी. रविकान्त ने अधिकारियों को जानकारी देते बताया कि सरकार द्वारा खनिज प्रधान प्रमुख प्रदेश उड़ीसा, छत्तीसगढ़, गुजरात, मध्यप्रदेश आदि में अनुमतियां प्राप्ति में लगने वाले समय और आवश्यक अनुमतियां प्राप्त करने की व्यावहारिक प्रक्रिया का अध्ययन कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्राप्त अध्ययन रिपोर्ट का विश्लेषण कर व्यावहारिक प्रक्रिया को अपनाया जायेगा। प्रमुख सचिव ने बताया कि अध्ययन रिपोर्ट के अनुसार विभाग व संबंधित विभागों से एसओपी जारी कराई जाएगी ताकि एलओआई धारक अनुमतियों के लिए आवश्यक दस्तावेज एसओपी के अनुसार प्रस्तुत कर सके। उन्होंने बताया कि इससे आवश्यक अनुमतियों के लिए प्राप्त आवेदनों में अपूर्ण या आवश्यक दस्तावेजों का अभाव नहीं रह सकेगा और इस कारण से आवेदन पर त्वरित निर्णय किया जा सकेगा। उन्होंने कहा कि अनावश्यक देरी को निरुत्साहित किया जाएगा। एम्पेनल्ड विशेषज्ञों द्वारा भी आधी अधूरी सूचनाओं के साथ आवेदन प्रस्तुत नहीं करवाया जा सकेगा। श्री रविकान्त ने बताया कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा द्वारा नीलाम खानों को तय समय सीमा में आवश्यक अनुमतियां उपलब्ध कराकर परिचालन में लाने पर जोर दिया जा रहा है। केन्द्र सरकार द्वारा भी इसकी नियमित समीक्षा की जा रही है। उन्होंने बताया कि जिस तरह से खान विभाग नीलाम खानों को शीघ्र परिचालन में लाने के लिए समग्र व समन्वित प्रयास कर रहा है उसी तरह से एलओआई धारकों और संबंधित विभागों व संस्थाओं को भी आगे आना होगा। उन्होंने कहा कि यह निवेश, रोजगार और रेवेन्यू से जुड़ा है और प्रदेश के समग्र आर्थिक विकास में भागीदारी का प्रयास है। वहीं निदेशक माइंस महावीर प्रसाद मीणा ने बताया कि विभाग स्तर से संबंधित विभागों और एलओआई धारकों से समन्वय बनाया जा रहा है और नीलाम खानों को शीघ्र परिचालन में लाने के लिए अनुमतियां दिलाने के लिए तकनीकी सहयोग व मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जा रहा है।

C M NEWS: अंत्योदय के संकल्प को साकार करने के लिए प्रतिबद्ध राज्य सरकार —मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के कुशल और दूरदर्शी नेतृत्व में राज्य सरकार पं. दीनदयाल उपाध्याय के अंत्योदय के संकल्प को साकार करने में जुटी हुई है। आमजन से जुड़ी प्रत्येक समस्या का प्राथमिकता से निस्तारण कर अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति तक त्वरित राहत प्रदान की जा रही है। मुख्यमंत्री द्वारा नियमित रूप से की जा रही जनसुनवाई भी इसी दिशा में एक सार्थक कदम है। इसके माध्यम से मुख्यमंत्री परिवादियों से सीधा संवाद कर उनकी परिवेदनाओं का मौके पर ही निस्तारण कर रहे हैं। श्री शर्मा ने सोमवार को मुख्यमंत्री निवास पर नियमित जनसुनवाई की। उन्होंने जनसुनवाई में आई महिलाओं, बुजुर्गों और दिव्यांगजनों की समस्याओं को सबसे पहले सुना और अधिकारियों को उनकी परिवेदनाओं के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए। श्री शर्मा ने जनसुनवाई में आए लोगों की कई समस्याओं का संतोषजनक निस्तारण किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि जनसुनवाई में परिवादी अपनी समस्या के समाधान के लिए प्रशासन से बड़ी उम्मीद रखते हैं। ऐसे में अधिकारी उनकी समस्याओं को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए समयबद्ध निस्तारण करें और अधिकारी पारदर्शिता व जवाबदेहिता से काम करते हुए लोगों को राहत दें। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अधिकारी नियमित रूप से स्थानीय स्तर पर जनसुनवाई करें जिससे आमजन से जुड़ी प्रत्येक समस्या का निस्तारण प्राथमिकता से हो। सिलिकोसिस ग्रस्त रामअवतार का बनेगा सर्टिफिकेट, मिलेगा योजना का लाभ:— सिकराय के नरेन्द्र के बड़े भाई रामअवतार सिलिकोसिस बीमारी से पीड़ित हैं, जिनका सिलिकोसिस कार्ड नहीं बनने से योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा है। इस संबंध में नरेन्द्र ने जब मुख्यमंत्री के सामने यह पीड़ा रखी, तो श्री शर्मा ने तुरंत अधिकारियों को रामअवतार का सिलिकोसिस कार्ड बनवाने के निर्देश दिए। नरेन्द्र ने अपनी समस्या के समाधान पर मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। श्री शर्मा ने इस दौरान कृषि, गृह, राजस्व, सिंचाई, परिवहन, पशुपालन, जयपुर विकास प्राधिकरण, नगर निगम, शिक्षा, चिकित्सा, पेयजल, मनरेगा, ऊर्जा सहित विभिन्न विभागों की आमजन से जुड़ी परिवेदनाओं को सुना और उनका मौके पर ही निस्तारण किया।

C M NEWS: भ्रष्टाचार, लापरवाही और अनुशासनहीनता के विरुद्ध मुख्यमंत्री की सख्त कार्रवाई

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राजकीय कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही और सुशासन सुनिश्चित करते हुए राज्य सरकार भ्रष्ट, लापरवाह और अनुशासनहीन कार्मिकों के विरुद्ध निरंतर सख्त कार्रवाई कर रही है। इसी कड़ी में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने राज्य सेवा के अधिकारियों के विरूद्ध 8 प्रकरणों का निस्तारण करते हुए 13 कार्मिकों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की हैं। मुख्यमंत्री ने भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) अधिनियम 2018 की धारा 17-ए के अन्तर्गत जल जीवन मिशन की निविदाओं में गड़बड़ी के 01 प्रकरण में 03 अभियंताओं के विरूद्ध विस्तृत जांच एवं अनुसंधान करने का पूर्वानुमोदन किया है। साथ ही, सेवारत अधिकारियों के विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही के 02 प्रकरणों में वार्षिक वेतन वृद्धियां रोकने के दण्ड से दण्डित भी किया गया है। वहीं नियम 16 सीसीए में प्रमाणित आरोपों की जांच निष्कर्ष का अनुमोदन करते हुए 01 प्रकरण को राज्यपाल के अनुमोदन हेतु अग्रेषित किया गया है। इसके साथ ही, सेवानिवृत्त अधिकारियों के विरूद्ध राज्यपाल से अनुमोदित 01 प्रकरण में पेंशन रोके जाने के दण्ड से दण्डित किया गया है। वहीं, 02 प्रकरणों में सीसीए नियम 34 के तहत अपील याचिका कोे खारिज करते हुए पूर्व प्रदत्त दण्ड को यथावत रखा गया है।

C M NEWS: न्यायपालिका लोकतंत्र का वो मजबूत स्तम्भ है —मुख्यमंत्री

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मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि न्यायपालिका लोकतंत्र का वो मजबूत स्तम्भ है जो समाज में न्याय और समानता की अलख जगाता है। सशक्त न्याय व्यवस्था से ही नागरिकों में सुरक्षा का भाव आता है। उन्होंने कहा कि देश में लागू किए गए तीन नए आपराधिक कानूनों ने न्याय की परिभाषा को बदलने का काम किया है। प्रदेश में भारतीय न्याय संहिता, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और भारतीय साक्ष्य अधिनियम को जमीनी स्तर पर लागू किया जा रहा है। जिससे न्याय प्रक्रिया में तेजी आई है और आने वाले समय में देश में अग्रणी राज्य होगा। श्री शर्मा रविवार को मुख्यमंत्री निवास पर वीसी के माध्यम से जोधपुर में आयोजित बार कौंसिल ऑफ़ राजस्थान के नवनिर्मित भवन के उद्घाटन समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि बार कौंसिल ऑफ़ राजस्थान के लिए नवनिर्मित भवन लोकतंत्र को और भी मजबूत करने का काम करेगा। आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित यह भवन वर्तमान की जरूरतों को पूरा करने के साथ ही, भविष्य की पीढ़ियों को भी मार्गदर्शन देगा। जिला स्तर पर नई अदालतों का सृजन, नए जजों की नियुक्ति – श्री शर्मा ने कहा कि न्यायपालिका किसी भी राष्ट्र की रीढ़ होती है। हर व्यक्ति न्याय की आस लेकर कोर्ट-कचहरी में आता है। उन्होंने कहा कि समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को सुलभ न्याय मिलने से ही विकास की यात्रा पूरा हो सकेगी। न्यायपूर्णता के साथ ही, विकास सार्थक होता है। बार कौंसिल आमजन की न्याय की आकांक्षाओं को पूरी करने का एक माध्यम है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार आवश्यकता अनुसार जिला स्तर पर नई अदालतों का सृजन कर रही है। साथ ही नए जजों की नियुक्ति भी तीव्र गति से की जा रही है। उन्होंने कहा कि जनता के हित के कार्य हमारी प्राथमिकता है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि अधिवक्ता कल्याण एवं बार कौंसिल के सुदृढ़ीकरण में सहयोग के लिए हमारी सरकार पूरी तरह से तैयार है। लोगों का विश्वास न्याय व्यवस्था की सबसे बड़ी ताकत- मुख्यमंत्री ने कहा कि अधिवक्ता समाज के शिल्पकार होने के साथ ही न्याय व्यवस्था की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी है, जिनकी तर्कशक्ति, आपका ज्ञान और आपकी प्रतिबद्धता ही न्याय का आधार है। अधिवक्ता लोगो के भरोसे के जीत की प्रतिमूर्ति हैं। लोगों का यह विश्वास और आस्था ही हमारी न्याय व्यवस्था की सबसे बड़ी ताकत है और जनता के इस विश्वास को मजबूत करना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है।

Medical News: स्वस्थ राजस्थान ही समृद्ध राजस्थान का आधार है —चिकित्सा मंत्री

प्रदेश में कैंसर स्क्रीनिंग सुविधाओं को निचले स्तर तक मजबूत बनाया जा रहा है, ताकि समय पर लक्षणों की पहचान कर आमजन का जीवन बचाया जा सके। इसी कड़ी में अब नागौर जिले के गांव-ढाणियों में आमजन को घर के नजदीक ही स्वास्थ्य जांच की सुविधा उपलब्ध होगी। इस जांच में विशेष रूप से कैंसर की स्क्रीनिंग की जाएगी, जिसके लिए विशेषज्ञ चिकित्सक अपनी सेवाएं प्रदान करेंगे। ग्रामीण क्षेत्रों में कैंसर जांच की सुविधा सुलभ कराने के उद्देश्य से कैंसर स्क्रीनिंग मोबाइल वैन का संचालन शुरू किया गया है। रविवार को चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेन्द्रसिंह खींवसर ने हरी झंडी दिखाकर इस मोबाइल वैन को रवाना किया। चिकित्सा मंत्री ने खींवसर के राजकीय जिला अस्पताल में डायलिसिस सेंटर का विधिवत उद्घाटन भी किया। डायलिसिस सेंटर के प्रारंभ होने से अब इस क्षेत्र के किडनी रोगियों को बड़ी राहत मिलेगी। यहां रोगियों के उपचार हेतु दो डायलिसिस मशीनों की सुविधा उपलब्ध करवाई गई है। मंत्री ने इस अवसर पर कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य है कि ग्रामीण अंचलों में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति तक आधुनिक स्वास्थ्य सेवाएं पहुँचें। पहले लोगों को बड़ी एवं गंभीर बीमारियों की जांच और उपचार के लिए दूर-दराज के शहरों में जाना पड़ता था, लेकिन अब सरकार ऐसी सुविधाएं गांव-ढाणी तक पहुंचाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का समय पर पता लगना ही उपचार का पहला कदम है और इस दिशा में यह मोबाइल वैन ग्रामीण स्वास्थ्य क्रांति का माध्यम बनेगी। श्री खींवसर ने कहा कि स्वस्थ राजस्थान ही समृद्ध राजस्थान का आधार है। स्वास्थ्य सेवाओं को गांवों तक पहुँचाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है, ताकि हर नागरिक को जीवन का अधिकार सच्चे अर्थों में मिल सके। सरकार की प्राथमिकता है कि किसी भी व्यक्ति को चिकित्सा सुविधा के अभाव में परेशान न होना पड़े।